मोदी और शी जिनपिंग
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग। फाइल फोटो।

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार रात 8 बजे देश को संबोधित करते हुए सम्पूर्ण लॉकडाउन की घोषणा की और देशवासियों को यह भी चेताया कि इसको करफ्र्यू ही समझा जाये। पिछले रविवार को पीएम ने जनता करफ्र्यू का आह्वान किया था जो सफल रहा।

देश में कोरोना पीड़ितों की संख्या 500 के पार जाते ही पीएम ने आज पुन: देश को संबोधित किया। करीबन 30 मिनिट्स के अपने उद्बोधन में उन्होंने कहा कि साधनों से सम्पन्न देशों की जो हालत है, वह दुनिया देख चुकी है। भारत और भारतवासियों को सुरक्षित रखना है तो 21 दिन के लिए करफ्र्यू आवश्यक है। इस वैश्विक महामारी से बचने का एकमात्र तरीका यही है कि घर पर रहो। कोरोना का चेन सिस्टम तोड़ने के लिए लोगों को घरों में ही रहना होगा। पीएम ने कहा, यह आपके और आपके परिवार के लिए भी जरूरी है।


श्री मोदी ने कहा कि रात 12 बजे से तालाबंदी लागू हो जायेगी और लोगों के घरों के बाहर लक्ष्मण रेखा खिंच जायेगी। किसी भी व्यक्ति को इस लक्ष्मण रेखा से बाहर नहीं निकलना है। सुरक्षित रहने का एकमात्र तरीका यही है लोग स्टे एट होम के फार्मूले को अपनाएं। देशवासियों के स्वास्थ्य की चिंता करते हुए उन्होंने कहा कि नये संसाधनों के लिए सरकार 15 हजार करोड़ रुपये की राशि खर्च कर रही है। इससे पहले सरकार ने यह भी घोषणा की थी कि कोरोना से पीडित लोगों की जांच और इलाज का कार्य प्रधानमंत्री आयुष्मान योजना में किया जायेगा। इससे गरीब वर्ग को बड़ी राहत मिलेगी।