स्कॉट मॉरिसन
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और ऑस्ट्रेलियाई पीएम स्कॉट मॉरिसन। फाइल चित्र

सिडनी। दुनिया के प्रमुख अर्थशास्त्रियों में शामिल ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन लॉकडाउन से बाहर आ रहे देश में आर्थिक गतिविधयों को बढ़ाने के लिए अधिकारियों, व्यापारी और मजदूर संगठनों के नेताओं के साथ दुनिया के शीर्ष नेताओं से भी सम्पर्क बनाये हुए हैं। वे अमेरिका में चल रहे वामपंथी आंदोलन की आलोचना भी कर चुके हैं और ट्रम्प को सदैव साथ रहने का आश्वासन भी दे चुके हैं।

आर्थिक भूगोल (economic geography) में अध्ययन करने वाले श्री मॉरिसन ने शनिवार को स्वीडन के प्रधानमंत्री स्टीफन लोवफेन के साथ आपसी संबंधों के साथ-साथ विश्व व्यापार संगठन में आवश्यक सुधार पर भी चर्चा की। भारतीय व्यंजनों को पसंद करने में शीर्ष स्थान रखने वाले ऑस्ट्रेलियाई पीएम ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ चर्चा करते हुए कहा था कि वे गुजराती खिचड़ी खाने के लिए जल्दी ही भारत का दौरा करेंगे। उनको भारतीय समौसे भी काफी पसंद आते हैं।

अमेरिका में आंदोलन-आगजनी क्या ट्रम्प के खिलाफ साजिश थी?

ऑस्ट्रेलिया में उनकी जॉबमेकर योजना को भी काफी पसंद किया जा रहा है। श्री मॉरिसन अपने संबोधन में भी कह चुके हैं कि उनकी पहली प्राथमिकता लोगों को पुन: रोजगार दिलाने के लिए रहेगी। उन्होंने कहा कि सेवा और उत्पादन के क्षेत्र में कार्यरत कंपनियों में ज्यादा से ज्यादा रोजगार अवसर पैदा करने की वे कोशिश में जुटे हैं। उन्होंने बुनियादी ढांचा में अधिकाधिक निवेश सृजन करने की भी आवश्यकता जतायी है।

श्री मॉरिसन ने अगले एक दशक में बुनियादी ढांचे में 180 बिलियन डॉलर्स ( $180 billion) निवेश की घोषणा की है। उन्होंने मेलबर्न से ब्रिसबेन तक नये रेलमार्ग योजना को भी मंजूरी दी है। उनका कहना है कि 180 बिलियन डॉलर्स में आधे अगले चार सालों में निवेश किये जायेंगे। उन्होंने कहा कि निजी और सार्वजनिक क्षेत्र से 72 बिलियन डॉलर निवेश किये जायेंगे और इससे 66 हजार प्रत्यक्ष व अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

कोरोना वायरस : बुजुर्ग महिला की मौत, सवाल उठे अनेक

ऑस्ट्रेलिया इस समय तीन दशक की सबसे बड़ी मंदी का सामना कर रहा है जो कोरोना वायरस के कारण पैदा हुई है।

अमेरिका में अभी विदेशी यात्रियों को आने की अनुमति नहीं

न्यूयार्क। अमेरिका में कोविड-19 संक्रामक रोग की रोकथाम के लिए लोगों को चेहरा ढकने की अपील की जा रही है। फेस मास्क पहनने से कोरोना संक्रमण का खतरा काफी कम हो जाता है। वहीं डॉ एंथनी फाउची ने एक बार फिर संभावना जतायी है कि सर्दियों तक कोरोना वायरस के खिलाफ वैक्सीन मिल सकती है।

डोनाल्ड ट्रम्प

 राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने एंटीफा और डेमोक्रेटिक नेताओं के खिलाफ अपना प्रचार ट्वीटर पर भी जारी रखा।

राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प रविवार देर रात ( भारतीय समयानुसार) दो ट्वीट किये। इसमें उन्होंने एंटीफा और वामपंथी संगठनों के खिलाफ हमला बोला। उन्होंने डेमोक्रेटिक पार्टी को भी नहीं बख्शा। दूसरी ओर अमेरिकी मीडिया में चलने वाली फेक न्यूज को भी सीधे निशाना बनाया।

लोगों में जागरुकता का भाव पैदा करने के लिए अमेरिकी सर्जन जनरल डॉ. जेरोम एडम्स ने लोगों से चेहरे को ढंकने का आग्रह किया, उन्होंने कहा कि “यदि लोग फेस कवर पहनते हैं, तो हमें बाहर जाने की अधिक स्वतंत्रता होगी”।

मोदी ने तूफान के मद्देनजर स्थिति का लिया जायजा

वहीं अमरीका में पर्यटकों को आने की अनुमति का लम्बा इंतजार करना पड़ सकता है। अख़बार टेलीग्राफ़ को दिए एक इंटरव्यू में डॉ एंथनी फाउची ने कहा कि हो सकता है ये पाबंदी तब तक लगी रहे जब तक कारोना वायरस की कोई वैक्सीन न बन जाए। उन्होंने कहा कि हो सकता है कि इस साल के भीतर देश में स्थिति थोड़ी सामान्य होने लगे। हालांकि उन्हें ऐसा नहीं लगता कि इस साल सर्दियों तक ऐसा हो पाएगा।इसी साल मार्च के महीने में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने यूरोप, ब्रिटेन, चीन और ब्राज़ील से अमरीका आने वालों पर बैन लगा दिया था। अमरीका में अब तक 20 लाख से अधिक लोग कोरोना संक्रमण की चपेट में आ चुके हैं और 1,15 हजार से अधिक की इस वायरस से मौत हो चुकी है।

अमेरिका में गोली लगने से एक और अश्वेत की मौत

वाशिंगटन। अमेरिका में एक और अश्वेत व्यक्ति की पुलिस की गोली लगने से मौत हो गयी। यह घटलांटा में हुई है। शनिवार देर रात को हुई इस घटना के बाद पुलिस प्रमुख ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। मेयर ने गोली मारने वाले पुलिस अधिकारी को बर्खास्त कर दिया है।

अटलांटा में एक रेस्टोरेंट के समक्ष कार खड़ी करने के उपरांत रेशर्ड ब्रुक्स नामक व्यक्ति सो गया था। रेस्टोरेंट का मार्ग प्रभावित होने के कारण रेस्टोरेंट के संचालक ने पुलिस को सूचना दी। ब्रीथएनालाइजर में रेशर्ड के शराब पिये होने की पुष्टि हुई तो उसको गिरफ्तार करने के लिए कार्यवाही की गयी। इस दौरान झड़प हुई और पुलिस ने गन से गोली चला दी। घायल रेशर्ड ब्रुक्स को अस्पताल ले जाया गया, जहां उसकी मौत हो गयी।

इस घटना के बाद लोगों ने रास्ता जाम कर दिया। वहीं रेस्टोरेंट्स के पास एक भवन को आग लगा दिये जाने की भी रॉयटर्स ने अपनी रिपोर्ट में दी है। तनाव की खबरें मिलने के बाद मेयर केइशा लांस बॉटम्स ने पुलिस प्रमुख एरिका शिल्ड्स से इस्तीफा ले लिया है। प्रदर्शनकारियों ने अटलांटा में इंटरस्टेट-75 नामक एक मुख्य हाइवे को बंद कर दिया।

हमारे एक हाथ में कर्म और कर्तव्य है तो दूसरे हाथ में सफलता सुनिश्चित है : मोदी

जॉर्जिया ब्यूरो ऑफ़ इन्वेस्टिगेशन ने ब्रुक्स की मौत के मामले की जांच आरंभ कर दी है। मीडिया रिपोर्ट में जानकारी दी गयी है कि गोली मारने वाले अधिकारी को बर्खास्त कर दिया गया है।

दूसरी ओर अटलांटा में ही गोलीबारी होने की भी जानकारी सामने आयी है, जहां कम से कम 2 लोग मारे गये हैं और पांच लोग घायल हो गये हैं। पुलिस ने एक पिकअप जीप को जारी किया है और अंदेशा जताया है कि गोलीबारी में इसका इस्तेमाल किया गया। देर रात तक गोलीबारी के कारण स्पष्ट रूप से सामने नहीं आये थे।

मूर्ति खंडित करने का खेल ऑस्ट्रेलिया पहुंचा

सिडनी । अमेरिका में जॉर्ज फ्लायड नामक व्यक्ति की मौत के बाद आक्रोश और तनाव का प्रदर्शन एंटी फॉसिस्ट नामक संगठन ने आरंभ किया था, वह यूरोप के बाद ऑस्ट्रेलिया भी पहुंच गया है। वहां भी कैप्टन कुक की मूर्ति को खंडित करने का प्रयास किया गया। प्रधानमंत्री स्कॉट मॉरिसन ने इस घटना की निंदा की है। इस कृत्य को अंजाम देने वाली महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया गया है। उनको पुलिस थाना में जमानत नहीं मिल पायी है। इंग्लैण्ड में भी कई स्टैच्यू को भी हटा दिया गया था।